प्रदेश के अपराध आंकड़ों पर एक नजर
वर्ष हत्या सदोस मानव हत्या डकैती अपहरण
१९६६ १८३ [...]

आज देश एक चोतरफा sankat के दौर से गुजर रहा है | उदारीकरण व वैश्विकरण के इस दौर में चारों तरफ भरी आर्थिक संकट ,बेरोजगारी ,छंटनी ,मंहगाई , लूट खसोट है और दूसरी तरफ अपराध छेड़खानी , बलात्कार , अपहरण , खरीद फरोख्त
व दहेज़ क़ी जबरदस्त [...]
जुल्मो सितम नहीं सहेंगी महिला अब हरयाने की |
आगे बढ़कर बात करेंगी महिला अब हरयाणा की |
खेतों में खलिहानों में दिन रात कमाई करती हैं
फिर भी दोयम दर्जा हम बिना दवाई मरती हैं
बैठी बैठी नहीं सहेंगी महिला अब हरयाने की |
देवी का दर्जा देकर इस देवी को किसने लूटा
सदियों से हम गयी दबाई समता का [...]

जुल्मो सितम नहीं सहेंगी महिला अब हरयाने की |
आगे बढ़कर बात करेंगी महिला अब हरयाणा की |
खेतों में खलिहानों में दिन रात कमाई करती हैं
फिर भी दोयम दर्जा हम बिना दवाई मरती हैं
बैठी बैठी नहीं सहेंगी महिला अब हरयाने की |
देवी का दर्जा देकर इस देवी को किसने लूटा
सदियों से हम गयी दबाई समता का [...]
![P191109_12.08[01]](http://secularharyana.com/wp-content/uploads/2010/05/P191109_12.0801.jpg)
कहावत
“दूध बेच दिया इसा पूत बेच दिया”
दूध भी बेच दिया पूत भी बेच दिया
करल्यो के करोगे
कहावत
“दब कै बाहना अर ऱजकै खांना”
दब कै बाहना अर भूखे सो जाना
किसकै आगे जाकै रोऊँ —
पैसा ही पैसा छाया पैसा ही ईमान हो गया
हीरो नहीं एंटी हीरो हमारी पहचान हो गया